“सोशल मीडिया में एक्टिंग”

‘एक्टिंग’ में ‘सोशल मीडिया’ के आने से एक्टिंग को अब आप पाँच नए हिस्सों में बाँट सकते हैं !
पहला है ‘फोटो एक्टिंग’ ! ‘फोटो एक्टिंग’ का उपयोग व्हाट्सऐप, फेसबुक, और ट्विटर ‘मंच’ पर कर सकते हैं ! फोटो एक्टिंग भाव प्रधान एक्टिंग है ! स्थान, काल, पात्र से मुक्त ! फोटो एक्टिंग को ‘वस्त्र विशेष’ एक्टिंग भी कह सकते हैं ! फोटो एक्टिंग में ‘प्रोफाइल फोटो एक्टिंग’ की तारीफ सबसे ज्यादा होती है ! ‘सेल्फ़ी’ इसका नया उप – अंग है !
दूसरा है ‘यू ट्यूब एक्टिंग’ ! ये ‘एडिटिंग प्रधान’ एक्टिंग है ! ‘यू ट्यूब एक्टिंग’ में आप बहुमुखी पात्रों को बड़ी सहजता से खेल सकते हैं ! ‘यू ट्यूब’ एक्टिंग को आप व्हाट्सऐप पर भी देख सकते हैं !
तीसरा है ‘स्टेटस एक्टिंग’ ! ‘स्टेटस एक्टिंग’ फेसबुक प्रधान एक्टिंग है ! इसमें आप भविष्य में होने वाले एक्टिंग को भी दिखा सकते हैं ! ‘शेयर’ करने से ‘स्टेटस एक्टिंग’ बढ़ता है !  ‘स्टेटस एक्टिंग’ की त्रुटि आप ‘कमेंट’ कर के सुधार सकते हैं !
चौथा है ‘इनबॉक्स एक्टिंग’ ! अभिनेता ‘इनबॉक्स एक्टिंग’ में सबसे ज्यादा कॉन्फिडेंट होते हैं ! इनबॉक्स में फोर्थ वॉल का काल्पनिक हिस्सा प्रोसीनियम थिएटर से आया है ! ये मूलतः एक दर्शक के लिए ही किया जाता है !
पाँचवाँ है ‘हैश टैग एक्टिंग’ ! ‘हैश टैग एक्टिंग’ में आप एक पात्र को अलग अलग भावनाओं से ‘टैग’ कर सकते हैं ! ‘हैश टैग एक्टिंग’ अभी ‘एक्सपेरिमेंटल थिएटर’ का हिस्सा है !
सोशल मिडिया में ‘एक्टिंग’ का भविष्य उज्वल है ! ‘ओवर एक्टिंग’ को सोशल मिडिया से कोई फर्क नहीं पड़ा है ! वेबसाइट और इ मेल भी सोशल मिडिया एक्टिंग में उपयोगी हैं ! सोशल मिडिया एक्टिंग में लगातार सीखने का भ्रम बना रहता है ! ‘फिल्म एक्टिंग’ अब भी ‘सोशल मिडिया मंच’ पर एक्टिंग का बाप है !

काशी शरणम् गच्छामि !

१.

नीचे नीच पड़ा है, ऊँचे ऊँच
कहीं चोंच पड़ा है कहीं पूँछ !

शक्ल पड़ी है शीशे मे, अक्ल पडी है खीसे मे !

कहीं दाम पड़ा है, कहीं आम पड़ा है ,
कटा हुआ दिन सुबह से शाम पड़ा है !

टोपी पड़ी है, सर बड़ा है !

हाथ में बन्दूक है नाल पर घडी ,
छोटा मुँह और बात बड़ी !

समस्या पड़ी है, बन्द घड़ी है !
जात पड़ा है, हाथ पड़ा है, कहीं लात पड़ा है !

हवा बसात है,
मैं खुद पड़ा हूँ !

काशी शरणम् गच्छामि !

*

२.

डेमोक्रेसी का डांसर हूँ , पर फ्रीलांसर हूँ !
वोटिंग में रेगुलर हूँ , पर पार्टी में स्ट्रगलर हूँ !

रोज कर, कर भर कर, ये कर वो कर हूँ !
आप सरकार हैं, मैं आपका नौकर हूँ !

आप चाभी हैं, मैं लॉकर हूँ !
आप मास्टर हैं, मैं जोकर हूँ !

थप्पड़ हूँ, कीचड़ हूँ. कचड़ा हूँ ,
आप हाथ हैं, कमल हैं, झाड़ू हैं !

आप ब्लैकबोर्ड हैं, मैं डस्टर हूँ !
मैं क्वेश्चन हूँ , आप आंसर हैं !
मैं मंच हूँ आप डांसर हैं !

मैं प्यास हूँ आप कोला हैं !
आप नारियल हैं मैं टिकौला हूँ !

मैं जुआ हूँ आप तम्बोला हैं !

मैं दिवार हूँ आप पोस्टर हैं !

काशी शरणम् गच्छामि !